किसी दुकानदार से ऑफिस का पता और उसका काम पुछ -पुछ कर परेशान करने से अच्छा है इण्टरनेट से अधिक से अधिक जानकारी ले ले। आप पुरी तरह इस ब्लॉगर के भरोशे ना रहे क्योकि समय के साथ साथ नियम कानुन में बदलाव होते रहते है।